Type Here to Get Search Results !

13 साल की बालिका ने कर दिया विवाह करने से मना

महेन्द्र ठाकुर, सीहोर.

पहले अपनी पढ़ाई पूरी करने पर अड़ी मात्र 13 साल की प्रियंका ने अपने पिता और परिवार की धमकियों और दबावों के बाद भी शादी करने से मना कर दिया। आखिरकार बेटी की जिद के आगे परिवार और समाज हार गया और प्रियंका आगे की पढ़ाई जारी रख सकेगी।
पूरा मामला इस तरह है कि, सीहोर जिला मुख्यालय से पांच किलोमीटर दूर ग्राम जमोनिया टंैक स्थित शिक्षा विभाग के शासकीय बालिका छात्रावास की 13 वर्षीय कक्षा आठवीं की छात्रा कुमारी प्रियंका मेवाड़ा पिता चांद सिंह मेवाड़ा निवासी दुपाडिया दांगी जिला सीहोर की शादी उसके पिता 23 जनवरी को करना चाहते थे। 
इस बाबत उसके पिता उसे लेने बालिका छात्रावास जमोनिया पहुंचे और छात्रा से शादी की बात करने लगे तो छात्रा ने नाबालिग होने के कारण शादी करने से इंकार कर दिया और छत पर जाकर छिप गई। 
इस बात की जानकारी छात्रावास प्रबंधन को होने पर प्रबंधन ने तत्काल इसकी सूचना जिला प्रशासन को दी। इसके बाद जिला प्रशासन ने उसके पिता को समझाइश दी। आखिरकार, प्रियंका के पिता ने अपनी गलती को स्वीकार करते हुए लिखित में भरोसा दिलाया कि, मैं अपनी पुत्री की शादी बालिग होने पर ही करूंगा।
साहस को किया गया सम्मानित
नाबालिग छात्रा कुमारी प्रियंका मेवाड़ा के शादी से इंकार करने के साहसी कदम की सराहना करते हुए अखिल भारत अनुसूचित जाति जनजाति परिषद जिला सीहोर के अध्यक्ष नरेन्द्र खंगराले पूर्व पार्षद ने बालिका को गुलदस्ता भेंट कर सम्मान किया। इस अवसर पर ग्राम जमोनिया की पूर्व सरपंच गीता राठौर, चंपालाल राठौर, प्रीतमदास चैरसिया, माखन प्रजापति, रमेश राठौर प्रमुख रूप से उपस्थित थे।